साहिबगंज के बेलपहाड़ी गांव पहुंचे झारखंड CEO के. रवि कुमार ने पहाड़िया समुदाय की मतदाता सूची संबंधी समस्याएं जानीं। अधिकारियों को स्थानीय स्तर पर सहायता और दस्तावेज सत्यापन के निर्देश दिए।
साहिबगंज, 5 सितंबर। झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) के. रवि कुमार ने शनिवार को साहिबगंज जिले के पाकुड़ विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत बरहरवा प्रखंड के सुदूरवर्ती बेलपहाड़ी गांव का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने पहाड़िया जनजातीय समुदाय के लोगों से मुलाकात कर मतदाता सूची से जुड़े दावा-आपत्ति, दस्तावेज सत्यापन और सुनवाई प्रक्रिया में आ रही समस्याओं की जानकारी ली।
दुर्गम क्षेत्रों के पात्र नागरिकों को मिले निर्वाचन सुविधाओं का लाभ
ग्रामीणों से बातचीत के दौरान CEO के. रवि कुमार ने जाना कि दूर-दराज और दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को मतदाता सूची से जुड़े कार्यों के लिए प्रखंड मुख्यालय तक पहुंचने में किन व्यावहारिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इन समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि भौगोलिक दूरी या दुर्गम क्षेत्र में निवास किसी पात्र नागरिक के मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने में बाधा नहीं बनना चाहिए।
स्थानीय स्तर पर सहायता उपलब्ध कराने का निर्देश
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि जिले के दूर-दराज इलाकों में जनजातीय समुदाय की कई बस्तियां हैं। इन क्षेत्रों के लोगों के लिए मतदाता सूची से संबंधित कार्यों और सुनवाई के लिए प्रखंड मुख्यालय पहुंचना कई बार कठिन होता है।
उन्होंने निर्वाचन अधिकारियों को संवेदनशीलता के साथ काम करते हुए स्थानीय स्तर पर आवश्यक सहयोग और मार्गदर्शन उपलब्ध कराने का निर्देश दिया, ताकि कोई भी पात्र नागरिक केवल दूरी या अन्य व्यावहारिक परेशानियों के कारण मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने से वंचित न रहे।
सरकारी अभिलेखों से दस्तावेजों का मिलान करने का निर्देश
के. रवि कुमार ने अधिकारियों से कहा कि जनजातीय समुदाय के लोगों से संबंधित दस्तावेज, जो प्रखंड कार्यालय अथवा अन्य प्रशासनिक अभिलेखों में उपलब्ध हैं, उनका आवश्यकतानुसार मिलान किया जाए।
उन्होंने निर्वाचन निबंधन पदाधिकारी (ERO) के स्तर पर होने वाली सुनवाई के दौरान पात्र नागरिकों को नियमानुसार सहयोग देने और सरकारी अभिलेखों एवं दस्तावेजों का समुचित सत्यापन सुनिश्चित करने को कहा।
दावा-आपत्ति और सुनवाई प्रक्रिया की दी जाए जानकारी
CEO ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि जरूरत के अनुसार दुर्गम क्षेत्रों में स्थानीय स्तर पर सहायता उपलब्ध कराई जाए। साथ ही पात्र नागरिकों को दावा-आपत्ति, दस्तावेज सत्यापन और ERO के समक्ष सुनवाई की प्रक्रिया के बारे में स्पष्ट जानकारी दी जाए।
उन्होंने कहा कि पात्र नागरिकों के लिए निर्वाचन प्रक्रिया को सुगम और सुलभ बनाना सभी संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी है। निर्वाचन व्यवस्था में यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि दूरस्थ या दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले पात्र लोगों को मतदाता सूची से जुड़ी सुविधाओं का लाभ आसानी से मिल सके।



