रांची, 25 सितंबर । झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने शुक्रवार को नामकुम स्थित राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) सभागार में स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं और कार्यक्रमों की उच्चस्तरीय समीक्षा की। बैठक में उन्होंने स्वास्थ्य संस्थानों में डॉक्टरों के रिक्त पदों पर जल्द भर्ती करने, सहियाओं को समय पर प्रोत्साहन राशि का भुगतान और उन्हें जल्द टैब उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
सहियाओं को समय पर मिलेगी प्रोत्साहन राशि
मंत्री ने सहियाओं को मिलने वाली प्रोत्साहन राशि के भुगतान में हो रही देरी की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को समय पर भुगतान सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। साथ ही भविष्य में राज्य सरकार की विशेष प्रोत्साहन राशि सीधे राज्य मुख्यालय से भेजने की व्यवस्था करने को कहा, ताकि भुगतान प्रक्रिया सरल और पारदर्शी हो।
उन्होंने सहियाओं को जल्द टैब उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए, ताकि स्वास्थ्य सेवाओं और योजनाओं की निगरानी एवं क्रियान्वयन को बेहतर बनाया जा सके।
एनएचएम कर्मियों को ईपीएफ का लाभ
बैठक में डॉ. अंसारी ने कहा कि एनएचएम कर्मियों को जल्द ईपीएफ का लाभ मिलेगा। इसके लिए आवश्यक प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने का निर्देश अधिकारियों को दिया गया।
संविदा स्वास्थ्यकर्मियों के मानदेय भुगतान की प्रक्रिया को बेहतर बनाने के लिए एचआईआरएस के माध्यम से राज्य मुख्यालय स्तर से भुगतान की दिशा में कार्रवाई करने को भी कहा गया।
डॉक्टरों के रिक्त पदों पर जल्द नियुक्ति
स्वास्थ्य संस्थानों में डॉक्टरों के रिक्त पदों की समीक्षा के दौरान मंत्री ने शीघ्र नियुक्ति की प्रक्रिया आगे बढ़ाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि पर्याप्त चिकित्सकीय मानव संसाधन के बिना लोगों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना चुनौतीपूर्ण है।
मलेरिया नियंत्रण पर भी जोर
मलेरिया नियंत्रण कार्यक्रम की समीक्षा के दौरान प्रभावित मरीजों को मच्छरदानी उपलब्ध कराने और रोकथाम से जुड़ी गतिविधियों को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने पर जोर दिया गया।
मंत्री ने कम वित्तीय व्यय वाले कार्यक्रमों की विशेष निगरानी, बजट के समुचित उपयोग और स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने के निर्देश दिए। उन्होंने योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग और क्षेत्रीय फीडबैक के आधार पर आवश्यक सुधार सुनिश्चित करने को भी कहा।
बैठक में स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव अजय कुमार सिंह, स्वास्थ्य अभियान निदेशक शशि प्रकाश झा सहित विभाग के कई अधिकारी और पदाधिकारी मौजूद रहे।


