JPSC-JSSC परीक्षा विवाद में रांची पुलिस ने 100 नामजद और 500 अज्ञात प्रदर्शनकारियों समेत 600 लोगों पर FIR दर्ज की है। छात्र 20वें दिन भी धरने पर हैं और CBI जांच की मांग कर रहे हैं..
रांची, 13 अगस्त: झारखंड में JPSC-JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं के खिलाफ छात्रों का आंदोलन लगातार जारी है। रांची में विधानसभा घेराव के दौरान हुए बवाल के बाद पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 100 नामजद और 500 अज्ञात लोगों समेत करीब 600 प्रदर्शनकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। वहीं, जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में चल रहा छात्रों का धरना गुरुवार को 20वें दिन में प्रवेश कर गया।
JPSC-JSSC Reform मंच के बैनर तले जारी है आंदोलन
अभ्यर्थी ‘JPSC-JSSC रिफॉर्म्स मंच’ के बैनर तले जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। छात्रों की प्रमुख मांगों में भर्ती परीक्षाओं में पारदर्शिता, विवादित परीक्षाओं को रद्द करना और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच शामिल है।
छात्रों ने जांच CBI या राज्य के बाहर के सेवानिवृत्त हाईकोर्ट जजों की समिति से कराने की मांग रखी है।
विधानसभा मार्च के दौरान हुआ था बवाल
सोमवार को छात्रों ने अपनी मांगों को लेकर विधानसभा की ओर मार्च किया था। पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव की स्थिति बनने के बाद सुरक्षा बलों ने लाठीचार्ज, वाटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल किया था।
घटना के बाद भाजपा ने राज्यव्यापी बंद का आह्वान किया था। अब इसी मामले में पुलिस की ओर से करीब 600 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
रघुवर दास ने दी अनशन की चेतावनी
पूर्व मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा है कि यदि एक सप्ताह के भीतर छात्रों की CBI जांच की मांग पर फैसला नहीं लिया गया तो वह अनशन पर बैठेंगे।
उन्होंने 2024 की उत्पाद सिपाही शारीरिक परीक्षा के दौरान जान गंवाने वाले 19 अभ्यर्थियों के परिजनों को एक-एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग भी उठाई है।
ABVP ने भी किया देशव्यापी प्रदर्शन का ऐलान
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने SIT जांच को लेकर सवाल उठाए हैं। संगठन ने देशभर के 1,200 से अधिक विश्वविद्यालयों में विरोध प्रदर्शन करने का ऐलान किया है।
अस्पताल में भर्ती छात्र नेता ने धरनास्थल लौटने की मांगी अनुमति
JLKM नेता देवेंद्र नाथ महतो, जो अनशन के दौरान तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती हैं, ने रांची सिविल सर्जन से दोबारा धरनास्थल पर जाने की अनुमति मांगी है।
उन्होंने कहा कि उनका समर्थन और जुड़ाव अब भी छात्र आंदोलन के साथ है। इसके अलावा भूख हड़ताल पर बैठे चार अन्य छात्रों का भी अस्पताल में इलाज चल रहा है।
सरकार और छात्रों के बीच छह दौर की बातचीत बेनतीजा
JPSC-JSSC विवाद को लेकर सरकार और छात्र प्रतिनिधियों के बीच अब तक छह दौर की वार्ता हो चुकी है, लेकिन अभी तक किसी ठोस समाधान पर सहमति नहीं बन पाई है। छात्र अपनी प्रमुख मांगों पर लिखित और ठोस कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
भाजपा-कांग्रेस में भी आरोप-प्रत्यारोप
छात्र आंदोलन को लेकर झारखंड में राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। भाजपा ने हेमंत सोरेन सरकार पर छात्रों की आवाज दबाने का आरोप लगाया है। वहीं, कांग्रेस ने भाजपा पर आंदोलन का राजनीतिकरण करने और बाहरी लोगों के जरिए माहौल बिगाड़ने का आरोप लगाया है।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि सरकार परीक्षा प्रणाली में सुधार के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने 14वीं JPSC परीक्षा रद्द करने का आश्वासन भी दिया है।



